SEARCH

    Select Website Language

    GDPR Compliance

    We use cookies to ensure you get the best experience on our website. By continuing to use our site, you accept our use of cookies, Privacy Policies, and Terms of Service.

    ईरान ने 4000KM दूर डिएगो गार्सिया पर दागी मिसाइल, पेजेशकियान ने PM मोदी को बताई जंग रोकने की शर्त... मिडिल ईस्ट में 5 बड़े अपडेट

    22 hours ago

    मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच ईरान ने हिंद महासागर में स्थित डिएगो गार्सिया के अमेरिकी-ब्रिटिश बेस पर दो इंटरमीडियट रेंज बैलिस्टिक मिसाइलों (IRBM) से हमला किया. ईरान के इस मिसाइल हमले ने पूरी दुनिया को चौंका दिया क्योंकि डिएगो गार्सिया की ईरान से दूरी करीब 4,000 किलोमीटर है. इस बीच ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से टेलीफोन पर बातचीत की. इस दौरान उन्होंने इजरायल और अमेरिका के साथ जारी युद्ध को खत्म करने के लिए एक शर्त सामने रखी है. जानें इजरायल-ईरान युद्ध से जुड़े 5 बड़े अपडेट्स-

    ईरान ने डिएगो गार्सिया पर IRBM से किया हमला

    ईरान के 4,000 किलोमीटर दूर हिंद महासागर में किए गए हमले ने इजरायल और अमेरिका के साथ-साथ पूरी दुनिया को हैरत में डाल दिया है, क्योंकि ईरान अब तक सार्वजनिक तौर पर यही कहता आया है कि उसकी बैलिस्टिक मिसाइलों की मारक क्षमता 2000 किलोमीटर तक है. यह हमला इस बात की तरफ इशारा करता है कि उसके पास सार्वजनिक तौर पर घोषित क्षमता से कहीं ज्यादा एडवांस और लंबी दूरी की मारक क्षमता रखने वाली मिसाइलें हो सकती है, जिनके बारे में अब तक दुनिया को जानकारी नहीं है.

    पेजेशकियान ने PM मोदी को बताई शर्त

    ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से टेलीफोन पर बातचीत में भारत के साथ द्विपक्षीय संबंधों के साथ मध्य पूर्व में जारी तनाव को लेकर विस्तार से चर्चा की. उन्होंने कहा कि इस युद्ध को ईरान ने शुरू नहीं किया था. हमलावरों ने बिना किसी वैध कारण के ही ईरान पर हमले शुरू कर दिए थे. हम वैश्विक नेताओं से फोन पर या आमने-सामने बातचीत के लिए हमेशा तैयार है, लेकिन इस युद्ध के रोकने के लिए शर्त यह है कि अमेरिका और इजरायल तुरंत अपनी आक्रामकता रोकें और साथ ही भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न होने की गारंटी भी दें.

    ईरान के परमाणु सामग्री और ठिकानों पर कब्जा चाहते हैं ट्रंप

    ईरान के साथ तीन हफ्तों के युद्ध के बाद अब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान में मौजूद सभी परमाणु ठिकानों और संबंधित सामग्रियों को अपने कब्जे में लेने के लिए बड़ी प्लानिंग कर रहे हैं. इसके लिए वह परमाणु सामग्रियों को वहां सुरक्षित करने और उन्हें निकालने के तरीकों के विकल्पों को लेकर अपने प्रशासन के साथ चर्च कर रहे हैं. हालांकि, अभी तक ट्रंप ने ऐसे किसी ऑपरेशन के लिए आधिकारिक रूप से आदेश नहीं दिया है. 

    अब्बास अराघची ने की US के जीत के दावों की आलोचना

    ईरान के विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने मिडिल ईस्ट में जारी तनाव के बीच अमेरिका की ओर से किए जा रहे जीत के दावों की आलोचना की है. उन्होंने अमेरिका पर तंज कसते हुए कहा कि अमेरिका हकीकत से परे होकर वियतनाम की युद्ध की कहानी दोहरा रहा है. उन्होंने कहा कि अमेरिका को यह नहीं भूलना चाहिए कि वियतनाम में जब उसके सैकड़ों सैनिक मारे जा रहे थे, तब भी यह दावे किए जा रहे थे कि युद्ध अच्छा चल रहा है और अमेरिका जीत रहा है.

    ईरान ने UAE और कुवैत में सैन्य ठिकानों पर किया हमला

    ईरान के सरकारी न्यूज चैनल ने कहा कि ईरानी नौसेना ने संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के अल-मिन्हाद अड्डे और कुवैत में अली अल सलेम हवाई हड्डे पर बैलिस्टिक मिसाइलों और ड्रोन्स का इस्तेमाल करते हुए जोरदार हमले कर ठिकानों को तबाह कर दिया है. इन हमलों में उन सभी हैंगरों और फ्यूल टैंकरों को निशाना बनाया गया, जिन्हें अमेरिकी-जियोनी विमान करार दिया गया था और यह दावा किया जा रहा था कि इस ठिकानों का इस्तेमाल ईरान पर हमला करने के लिए किया जाता था. 

    यह भी पढ़ेंः 'चुनाव के बाद पेट्रोल-डीजल-LPG के बढ़ेंगे दाम', मिडिल ईस्ट में जंग को लेकर राहुल गांधी की भविष्यवाणी

    Click here to Read More
    Previous Article
    Research Shows Risk‑Averse Producers Sell Earlier in Grain Marketing Year
    Next Article
    अमेरिका की FBI के पूर्व डायरेक्टर रॉबर्ट मुलर का निधन, डोनाल्ड ट्रंप ने कसा तंज

    Related World Updates:

    Comments (0)

      Leave a Comment